27.1 What Is Pulley, Types Of Pulley In Hindi | पुल्ली क्या होती है और पुल्ली कितने प्रकार की होती है ?

what-pulley-in-hindi-types-of-pulley-in-hindi

INTRODUCTION: प्रत्येक तरल वास्तु को जैसे तेल, गैस, भाप को एक स्थान से दुसरे स्थान तक ले जाने के लिए जिस माध्यम का प्रयोग किया जाता है उसे पाइप कहते है. और power transmission करने हेतु belt के साथ shaft और pulley का प्रयोग करते है. पुल्ली को हम shaft के उपर key व screw की सहायता से फिट की जाती है. pulley के उपरी surface पर ही belt चलती है. यह cast iron, write groove की बनाई जाती है. पुल्ली की speed को कम या ज्यादा करने के लिए pulley के diameter को कम या ज्यादा किया जाता है.

What Is Pulley- पुल्ली क्या होती है ?

Pulley एक गोलाकार चक्कर होता है. जिससे एक साफ्ट से दूसरी साफ्ट तक power transmission करने के लिए किया जाता है यानी की एक स्थान से दुसरे स्थान तक पॉवर transmission पहचानें के लिए जिस माध्यम का प्रयोग किया जाता है उसे पुल्ली कहते है.

Parts Of Pulley- पुल्ली के निम्नलिखित पार्ट्स होते है.

1. Rim And Face
2. Hub And Bush
3. Arms And Spokes
4. Bore

1.Rim And Face

Pulley के उपरी भाग को rim या face कहते है. इसके बीच का भाग उभरा हुआ होता है और side में थोड़ा सा draw या taper होता है ताकि बेल्ट slip ना हो सके . Face के उपरी भाग पर belt चलती है. rim एक या दो pices में बना होता है.

2. Hub And Bush

यह bore के उपर casteded किया होता है. जो की पुल्ली को मजबूती प्रदान करती है. यह भी दो pices में बना होता है.

3. Arms And Spokes

Pulley की arms rim और hub को जोड़ने के लिए प्रयोग की जाती है. पुल्ली के अंदर arms अपने-2 diameter के अनुसार 400 mm से 600 mm तक चार arms तथा 600 mm से 1500 mm तक छः arms और 1500 mm से उपर आठ arms बनी होती है.

4. Bore

यह hub के अंदर shaft के diameter के अनुसार बना होता है. Bore में key way कटा होता है. जो pulley और shaft को fix करने में सहायता प्रदान करता है.

Types Of Pulley- पुल्ली कितने प्रकार की होती है ?

साइज और work के अनुसार pulley कई प्रकार की होती है.

1. Solid Cast Iron Pulley
2. Web Pulley
3. Split Up Pulley
4. Stepped Or Speed Cone Pulley
5. Fast And loose Pulley
6. V Belt Pulley या V Grooved Pulley
7. Rop Pulley
8. Jockey Pulley

1. Solid Cast Iron Pulley

इस पुल्ली  का प्रयोग Workshop के अंदर shaft to shaft Power transmission करने हेतु उपयोग की जाती है. पुल्ली के अंदर rim, arms और hub के casted होते है. Pulley के अंदर arms straight और curved भी हो सकती है, और पुल्ली को key की सहायता से शाफ़्ट पर जोड़ा जाता है.

2. Web Pulley

Web pulley भी workshop के अंदर एक साफ्ट से दूसरी साफ्ट तक Power transmission करने के लिए प्रयोग की जाती है. इस पुल्ली में rim hub के web के साथ जोड़ा जाता है. Web pulley में rim और hub casted होते है. Web pulley को sunk key की सहयता से shaft पर फिट किया जाता है.

3. Split Up Pulley

Split up pulley में hub और rim दो pices में होता है. जिसको nut और bolt सहायता से जोड़ा जाता है. इस पुल्ली का सबसे बड़ा लाभ यह है इसे विभिन्न-विभिन्न diameter की साफ्ट पर प्रयोग किया जा सकता है. इस पुल्ली के arms पर thread कटी होती है. Arms को hub के hole पर tight किया जाता है.

4. Stepped Or Speed Cone Pulley

इस pulley में अलग-अलग diameter के step कटे होते है. इन्हीं step की सहायता से स्पीड को कम या ज्यादा कर सकते है. यह pulley cast iron की बनी होती है. इस पुल्ली के बीच में threaded hole कटा होता है. जो pulley को shaft के उपर screw पैच की सहायता से tight या fit करने में सहायता करता है.

5. Fast And loose Pulley

इस pulley में एक pulley को शाफ़्ट के साथ tight किया जाता है, तथा दूसरी pulley shaft पर loose रहती है. इस पुल्ली का सबसे बड़ा फायदा यह है की यदि machine को चलाना है तो belt को fast pulley पर चढ़ा देते है, और यदि power नही लेने या फिर मशीन को बंद रखना है तो belt को loose pulley पर रखते है. यह पुल्ली ज्यादातर वहा पर प्रयोग की जाती है झा पर मशीन को बार-बार चलाना या बंद करना पड़ता है.

6. V Belt Pulley या V Grooved Pulley

यह pulley workshop के अंदर मीटर पर प्रयोग की जाती है. इस पुल्ली में 40 डिग्री के angle पर grooves कटे होते है. यह pulley V belt की सहायता से चलाई जाती है. इस पुल्ली में एक से अधिक groove कटे होते है.

7. Rop Pulley

इस pulley में V grooved pulley की तरह V shap में grooved कटे होते है. इसलिए इस पुल्ली में Power transmission करने के लिए V belt की जगह rop pulley का प्रयोग किया जाता है. इस पुल्ली का प्रयोग वहा पर किया जाता है जहां पर shaft to shaft की दुरी दूसरी shaft की दुरी से अधिक होती है.

8. Jockey Pulley

छोटे diameter की पुल्ली और बड़े diameter की पुल्ली के बीच में slipping को दूर करने के लिए और belt को कसने के लिए jockey और idler पुल्ली प्रयोग की जाती है.

Post a Comment

0 Comments